अंबिकापुर। अंतरजातीय प्रेम विवाह को लेकर पंचायत की बैठक में प्रेमी-प्रेमिका के साथ मारपीट करने के मामले में सरगुजा जिले की सीतापुर पुलिस ने गांव के उपसरपंच चौकीदार सहित प्रेमिका के परिवार के सदस्यों के खिलाफ अपराध पंजीबद्ध किया है। ग्राम पंचायत सरगा में प्रेमी के घर आकर तीन दिनों से प्रेमिका रह रही थी। दोनों अलग -अलग जाति के है। प्रेमिका के परिवारवालों ने इसी विषय को लेकर पंचायत की बैठक बुलाई की थी। बैठक में ग्राम के उपसरपंच शिवकुमार अग्रवाल, चौकीदार अमर साय के अलावा प्रेमी-प्रेमिका के परिजन और गांव वाले भी मौजूद थे।
पंचायत की बैठक में यह फैसला सुनाया गया कि प्रेमी ही अब प्रेमिका को साथ रखेगा। इस निर्णय पर प्रेमी और उसके परिवार के सदस्य राजी हो गए। आरोप है कि इस फैसले के बाद प्रेमिका के रिश्तेदार ने प्रेमी के पिता के साथ यह कहते हुए मारपीट शुरू कर दी कि उन्होंने प्रेमिका को अपने घर मे तीन दिन से आसरा क्यों दिया है।
पिता की भरे पंचायत में पिटाई होता देख प्रेमी ने आपत्ति की तो चौकीदार अमर साय ने उसको पीटना शुरू कर दिया। उपसरपंच पर आरोप है कि उन्होंने प्रेमी के परिवार वालों द्वारा गलती किए जाने के बावजूद गाली-गलौच करने पर आपत्ति जता पंचायत में शामिल लोगों को मारपीट के लिए उकसाया।
पंचायत की बैठक में शामिल लोगों ने प्रेमी-प्रेमिका के अलावा प्रेमी के परिवार के सदस्यों के साथ मारपीट की। घटना में प्रेमी-प्रेमिका को चोट आई। दोनों को सीतापुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराना पड़ा। 25 अप्रैल की शाम हुई घटना की खबर रात को सीतापुर पुलिस को लगी तो उन्होंने अस्पताल में जाकर प्रेमी युगल का बयान दर्ज किया।
26 अप्रैल रविवार की सुबह से पुलिस मामले की जांच में लगी रही। गांव के कुछ लोगों का भी बयान दर्ज किया गया। प्रेमी युगल के बयान और प्रत्यक्षदर्शियों द्वारा दी गई जानकारी के आधार पर पुलिस ने पाया कि लॉकडाउन के दौरान विधि विरुद्ध तरीके से भीड़ जमा की गई।
भीड़ को उकसा कर बलवा बकराया गया। जांच पश्चात पुलिस ने मामले में ग्राम के उपसरपंच शिवकुमार अग्रवाल, चौकीदार अमर दास, सुदेश्वर यादव,कृष्णा यादव, बसंती यादव, रूपा यादव व अन्य के खिलाफ अपराध पंजीबद्ध किया है। मामले में अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।
