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Monday, January 21, 2019

सरकारी कर्मचारियों को मोदी सरकार का बड़ा तोहफा, 12 से 25 हजार रु. तक बढ़ेगा वेतन

नई दिल्ली। रेलवे ने अपने गार्ड्स, लोको पायलट्स और असिस्टेंट लोको पायलट्स का रनिंग अलाउंस बढ़ाने का फैसला किया सरकारी कर्मचारियों को मोदी सरकार की ओर से एक और बड़ा तोहफा मिला है. मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो रेलवे कर्मचारियों का रनिंग अलाउंस दोगुना बढ़ाने का फैसला लिया गया है, जिसके बाद उनके वेतन में हजारों रु. का इजाफा होना तय हो गया है. रेलवे ने अपने गार्ड्स, लोको पायलट्स और असिस्टेंट लोको का रनिंग अलाउंस बढ़ाने का फैसला किया है. इन रेल कर्मचारियों को 7वें वेतन आयोग के तहत रनिंग एलाउंस या भत्ते मिलने शुरू हो जाएंगे.
कितना बढ़ा रनिंग अलाउंस-
फिलहाल गार्ड्स, लोको पायलट्स और असिस्टेंट लोको पायलट्स का रनिंग अलाउंस 255 रु. प्रति 100 किमी. है, जो कि अब 520 रु. होने वाला है. रेलवे के अलग श्रेणी के कर्मचारियों को अलाउंस जुलाई 2017 में दे दिया गया था. लेकिन रनिंग स्टाफ को लेकर रेल यूनियन (रनिंग स्टाफ) व रेलवे बोर्ड में खींचतान चल रही थी. 2016 में अलाउंस कमेटी की सिफारिश पर जून 2018 में रेलवे बोर्ड ने रनिंग अलाउंस को दोगुना करने का आदेश दे दिया. रेलवे बोर्ड के अलाउंस बढ़ाने के फैसले पर वित्त मंत्रालय की मुहर इसी महीने लग सकती है. मंजूरी मिलते ही मेल-एक्सप्रेस, राजधानी, शताब्दी, सुपर फास्ट ट्रेनों व मालगाड़ी के लोको पायलट व गार्ड को प्रत्येक 100 किलोमीटर चलने पर 525 रुपये मिलने शुरू हो जाएंगे. इस तरह एक लोको पायलट-गार्ड हर महीने 12,000 से 25,000 रुपये ज्यादा कमाई करेगा. रेलवे अधिकारी के मुताबिक यात्री ट्रेनों और मालगाड़ी के लोको पायलट व गार्ड के रनिंग अलाउंस में एक और दो रुपये का अंतर होता है.